मध्य प्रदेश: एक सरकारी प्रोजेक्ट कैसे बन गया इस गांव के अस्तित्व के लिए ख़तरा?
मध्य प्रदेश: एक सरकारी प्रोजेक्ट कैसे बन गया इस गांव के अस्तित्व के लिए ख़तरा?
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से करीब 370 किलोमीटर दूर छतरपुर ज़िले के धौड़न गांव का अस्तित्व अब ख़त्म होने वाला है.
यहां के लोगों ने बताया कि वो किन दिक्कतों से जूझ रहे हैं.
गांव की रहने वाली लक्ष्मी आदिवासी बताती हैं कि उनके पैदा होने से पहले ही गांव में बिजली नहीं है. वो कहती हैं कि गांव में अस्पताल तक नहीं हैं.
केन-बेतवा अब केवल नदी नहीं, बल्कि नदियों को जोड़ने की विकास परियोजना है, और धौड़न गांव इस केन-बेतवा रिवर लिंकिंग प्रोजेक्ट का केंद्र है.
लोग इस परियोजना को लेकर विरोध भी जता रहे हैं. इससे करीब 21 गांव डूब जाएंगे. हालांकि सरकार के अलग दावे हैं. देखिए विष्णुकांत तिवारी की ये ग्राउंड रिपोर्ट.
एडिटिंग: अल्ताफ़
बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित.



