'मैं माँ हूं, जब भी वो वीडियो देखती हूं होश खो देती हूं'- बांग्लादेश ग्राउंड रिपोर्ट
बांग्लादेश के धार्मिक अल्पसंख्यक समुदाय कितने सुरक्षित हैं? यह सवाल एक बार फिर देश के भीतर और बाहर उठा है.
क्योंकि हाल के दिनों में एक 28 वर्षीय हिंदू युवक की बेरहमी से हत्या कर दी गई.
पुलिस के अनुसार, दीपू चंद्र दास, जो एक फ़ैक्ट्री में काम करते थे, उनको भीड़ ने पैगंबर मोहम्मद का अपमान करने के आरोप में सार्वजनिक रूप से पीट-पीटकर मार डाला और फिर उनके शव को आग के हवाले कर दिया.
26 दिसंबर तक इस मामले में 18 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है और सरकार ने परिवार को न्याय दिलाने का आश्वासन दिया है.
हालांकि, अल्पसंख्यक समूह देश में धार्मिक कट्टरता और भीड़ द्वारा होने वाले हमलों में बढ़ोतरी की ओर इशारा करते हैं.
वे अगस्त 2024 से सत्ता में आए अंतरिम प्रशासन को भी प्रभावी कदम न उठाने के लिए ज़िम्मेदार ठहराते हैं.
देखिए बीबीसी संवाददाता जुगल पुरोहित और देवाशीष कुमार की यह ग्राउंड रिपोर्ट.
बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित
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